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Duration3:49

सच की गूँज

ज्वाला राग

Indian Rock

About

एक शक्तिशाली रॉक ट्रैक जो भारी इलेक्ट्रिक गिटार रिफ्स और पारंपरिक तबला तालों का मिश्रण है। इसमें राग-आधारित मेलोडी और सामाजिक चेतना जगाने वाले बोलों का समावेश है जो अन्याय के खिलाफ आवाज उठाते हैं।

Lyrics

अन्नदोरो इनसयू मडल् अन्नाशर्मिदीनि साट्टा वाहे वाहे दिन दिन आये दिन। आखों में फरेब वच्छन दीते जो वो सब है अब जिब कुर्सियों के खेले में हमोहे बने हैं अधिकारों के नाम पर बस बने सड़े हैं। बुना उठ रहा है जल रहा है जमीर किसमत कीलो कीरों में है कैसी लकीर अपलाव की मांग में अब आग है ये कैसा नायासा एक राग है। उम्पो आवाज तोडो ये जंजीरें बदल् डल् डालो आप ये पुरानी तक्टीरें जुटके महल गिरेंगे आज यहां सचकी। उम्पो आवाज तोडो ये पुरानी तक्कीरें जुटके महल गिरेंगे आज यहां सचकी। उम्पो आवाज तोडो ये पुरानी तक्कीरें जुटके महल गिरेंगे आज यहां सचकी। उम्पो आवाज तोडो ये पुरानी तक्कीरें जुटके महल गिरेंगे आज यहां सचकी। उम्पो आवाज तोडो ये पुरानी तक्कीरें जुटके महल गिरेंगे आज यहां सचकी। उम्पो आवाज तोडो ये पुरानी तक्कीरें जुटके महल गिरेंगे आज यहां सचकी। उम्पो आवाज तोडो ये पुरानी तक्कीरें जुटके महल गिरेंगे आज यहां सचकी।

सच की गूँज

ज्वाला राग

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