Duration3:30
काल चक्र का मौन
उस्ताद कालधारा खान
शास्त्रीय हिंदुस्तानी
About
यह रचना समय के निरंतर प्रवाह को दर्शाती है, जिसमें तानपुरा के ड्रोन-लेयर और तबला-परकशन का गहरा संगम है। इसमें राग-आधारित मेलोडिक-इम्प्रोवाइजेशन का प्रयोग किया गया है जो जीवन की क्षणभंगुरता को एक शांत और ध्यानमग्न ध्वनि में पिरोता है।
Lyrics
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काल चक्र का मौन
उस्ताद कालधारा खान
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